भगवद् गीता विचार


*|| भगवद् गीता विचार ||* हे केशव! मैं लक्षणों को भी विपरीत ही देख रहा हूँ तथा युद्ध में स्वजन-समुदाय को मारकर कल्याण भी नहीं देखता। *अध्याय- 1 श्लोक- 31* Download Bhagavad Gita App:

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